मप्र में बैंक हड़ताल, नहीं खुले 7000 शाखाओं के ताले

निजीकरण के विरोध में 40,000 से अधिक बैंक कर्मी रहेंगे 2 दिन की स्ट्राइक पर, बीमा कंपनियों के कर्मचारियों ने भी किया बैंक हड़ताल का समर्थन

भोपाल। बैंकों के निजीकरण के विरोध में मध्यप्रदेश में कार्यरत 40,000 से अधिक बैंक कर्मी गुरुवार से 2 दिन की हड़ताल पर चले गए। बैंक कर्मियों की हड़ताल से प्रदेश में विभिन्न बैंकों की 7000 से अधिक शाखाओं के ताले गुरुवार को नहीं खुले।

हड़ताल में शामिल बैंक कर्मियों ने गुरुवार को विरोध प्रदर्शन किया और नारेबाजी की। यूनाइटेड फोरम ऑफ बैंक यूनियन के आह्वान पर की जा रही इस देशव्यापी हड़ताल में पूरे प्रदेश के बैंक कर्मी भाग ले रहे हैं।

उल्लेखनीय है कि बैंकों की हड़ताल के चलते गुरुवार और शुक्रवार को बैंकिंग का काम ठप रहेगा। शनिवार को बैंक खुलेंगे लेकिन रविवार को छुट्टी रहेगी। इसलिए बैंकों में 20 दिसंबर कोसामान्य रूप से कामकाज हो सकेगा।

 

बीमा कर्मियों ने भी दिया समर्थन

 

बैंकों के निजीकरण के खिलाफ आयोजित इस हड़ताल का ऑल इंडिया इंश्योरेंस एंपलाइज एसोसिएशन ने भी समर्थन किया है। ए आई आई ए के अनुसार बीमा कर्मियों ने गुरुवार को भोजन अवकाश के दौरान कार्यालयों के बाहर एकत्र होकर विरोध प्रदर्शन किया। इस प्रदर्शन में भोपाल मंडल के अंतर्गत आने वाले भोपाल शहर समय सीहोर रायसेन विदिशा गंज बासौदा होशंगाबाद हरदा पिपरिया शाजापुर शुजालपुर बैतूल पाता खेड़ा बरेली और ब्यावरा स्थित बीमा कार्यालयों में कर्मचारियों ने भाग लिया।